ब्रेकिंग न्यूज "मां की आंखों के सामने डूबा इकलौता बेटा: शादी में जा रहे थे, रास्ते में नहाने उतरा और लौटकर कभी नहीं आया", देखें वीडियो

नितिन अग्रवाल 


 ब्रेकिंग न्यूज "मां की आंखों के सामने डूबा इकलौता बेटा: शादी में जा रहे थे, रास्ते में नहाने उतरा और लौटकर कभी नहीं आया"

बैतूल से दिल दहला देने वाली घटना

बैतूल जिले में गुरुवार को एक दर्दनाक हादसा सामने आया, जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। भोपाल से छिंदवाड़ा अपनी भांजी की शादी में शामिल होने जा रहे 29 वर्षीय संजय इवनाती की तवा नदी में डूबने से मौत हो गई। सबसे दुखद बात यह रही कि यह हादसा उसकी मां की आंखों के सामने हुआ।

नदी में नहाने का मन बना और...

संजय इवनाती, जो बैरागढ़ (भोपाल) में ट्रैवल एजेंसी चलाता था, अपनी मां पार्वती बाई (55 वर्ष) के साथ कार से छिंदवाड़ा जा रहा था। रास्ते में बैतूल के राजडोह घाट पर पहुंचकर उसने मां से कहा कि वह नदी में नहाकर आता है। मां कार में बैठकर इंतजार करती रहीं, लेकिन जब काफी देर बीत गई, तो वे बाहर निकलीं। जो दृश्य उन्होंने देखा, वो किसी भी मां के लिए सबसे भयावह था—संजय पानी में छटपटा रहा था, मदद के लिए हाथ-पांव मार रहा था, लेकिन जब तक कोई मदद पहुंचती, तब तक वो डूब चुका था।

घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस

सारणी थाना प्रभारी जयपाल के अनुसार, पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पंचनामा तैयार किया। शव को पानी से निकालकर घोड़ाडोंगरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया, जहां पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को शव सौंप दिया गया।

इकलौता बेटा, बिखर गया पूरा परिवार

संजय इवनाती अपने परिवार का इकलौता बेटा था। उसके पिता अरुण इवनाती आर्मी से रिटायर होने के बाद वर्तमान में गृह विभाग में चालक के पद पर कार्यरत हैं। बेटे के भविष्य के लिए उन्होंने एक चार पहिया वाहन भी दिलवाया था, जिससे वह ट्रैवल एजेंसी चला सके।

शादी की खुशियां मातम में बदलीं

संजय अपनी भांजी की शादी में शामिल होने जा रहा था, जो 18 अप्रैल को छिंदवाड़ा में होनी थी। घर में जहां खुशियों की तैयारियां हो रही थीं, वहां अब मातम पसरा हुआ है।

इस हादसे ने एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि जिंदगी कितनी नाजुक और अनिश्चित है।

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